Teachers Day Message




गुमनामी के अंधेरे में था पहचान बना दिया दुनिया के गम से मुझे अनजान बना दिया उनकी ऐसी कृपा हुई गुरू ने मुझे एक अच्छा इंसान बना दिया | HAPPY TEACHET’S DAY

Jeevan ke har andhere mai Roshani dikhatey hai aap Band ho jate hai jab sare darwaje Naya rasta dikhate hai aap Sirf kitaabi gyaan hi nahi Jeevan jeena sikhate hai aap…

गुरूदेव के श्रीचरणों में श्रद्धा सुमन संग वंदन जिनके कृपा नीर से जीवन हुआ चंदन धरती कहती, अंबर कहते कहती यही तराना गुरू आप ही वो पावन नूर हैं जिनसे रौशन हुआ जमाना HAPPY TEACHER’S DAY

T: Talented E: Elegant A: Awesome C: Charming H: Helpful E: Efficient R: Receptive Happy Teachers’s Day!

Guru Ka Mahetv Kabhi Hoga Na Kum, Bhale Kar Le Kitni Bhi Unnati Hum, Waise To Hai Internet Pe Har Prakaar Ka Gyaan, Par Ache Bure Ki Nahi Hai Use Pehchaan…..

माता गुरु हैं, पिता भी गुरु हैं, विद्यालय के अध्यापक भी गुरु है जिससे भी कुछ सिखा हैं हमने, हमारे लिए हर वो शख्स गुरु हैं Happy Teachers Day to all

गुरु की उर्जा सूर्य-सी, अम्बर-सा विस्तार, गुरु की गरिमा से बड़ा, नहीं कहीं आकार। गुरु का सद्सान्निध्य ही,जग में हैं उपहार, प्रस्तर को क्षण-क्षण गढ़े, मूरत हो तैयार।

गुरु तेरे उपकार का, कैसे चुकाऊं मैं मोल, लाख कीमती धन भला, गुरु हैं मेरे अनमोल Happy Shikshak Divas

आपसे ही सीखा, आपसे ही जाना आप ही को हमने गुरु हैं माना, सीखा हैं सब कुछ आपसे हमने, कलम का मतलब आपसे हैं जाना Happy Teacher Day

क्या दूँ गुरु-दक्षिणा, मन ही मन मैं सोचूं। चुका न पाऊं ऋण मैं तेरा, अगर जीवन भी अपना दे दूँ।

जब गिरने को हुआ में मुझे उठाया आपने, मेरी राह मेरी मंज़िल की ओर मुझ बढाया आपने, अंजना था में खुद की काबिलियत से मुझ खुद से वकिब कराया आपने.. Happy Teacher’s Day



म को सब सिखाता गुरु है, एक अछा इंसान बनता गुरु है. हम होते है उसर की तरह, हम में काबिलियत का बीज लगता गुरु है. शिक्षक दिवस की हार्दिक शुभकामनाये |

लो,जी मास्टर जी के दिवश पर बढिया शेयर सुनों अरज किया हैं , मोटा मरता मोती पे भूखा मरता रोटी पे मास्टरजी की दो लडकियाँ मैं मरता हूँ छोटी पे ………|

Mata Guru Hain, Pita Bhi Guru Hain, Vidyalay Ke Adhyapak Bhi Guru Hai Jisse Bhi Kuch Sikha Hain Humne, Humaare Liye Har Wo Shaks Guru H.

गुरु का महत्व कभी न होगा कम, भले कर ले कितनी भी उन्नति हम, वैसे तो हैं इंटरनेट पे हर प्रकार का ज्ञान, पर अच्छे बुरे की नहीं हैं उसे पहचान।

सही क्या है ? गलत क्या है ? ये सबक पढ़ाते हैं आप, झूठ क्या है ? सच क्या है ? ये बात समझाते हैं आप, जब सूझता नहीं कुछ भी ,राहों को सरल बनाते हैं आप।

तुमने सिखाया ऊँगली पकड़ कर चलना, तुमने सिखाया कैसे गिरने के बाद सम्भलना, तुम्हारी वजह से आज हम पहुंचे है आज इस मुकाम पे, आज शिक्षक दिवस के दिन करते है आभार सलाम से …

गुरू बिना ज्ञान कहाँ, उसके ज्ञान का आदि न अंत यहाँ। गुरू ने दी शिक्षा जहाँ, उठी शिष्टाचार की मूरत वहाँ।




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